Jupiter Wagons कंपनी परिचय
Jupiter Wagons भारत की जानी-मानी रेलवे और लॉजिस्टिक्स इक्विपमेंट बनाने वाली कंपनी है। कंपनी मुख्य रूप से रेलवे फ्रेट वैगन, पैसेंजर कोच के कंपोनेंट, ब्रेकिंग सिस्टम, कास्टिंग और मेटल फैब्रिकेशन से जुड़ा कारोबार करती है। रेलवे के साथ-साथ कंपनी का फोकस मेट्रो, डिफेंस और प्राइवेट लॉजिस्टिक्स सेक्टर पर भी बढ़ रहा है। देश में इंफ्रास्ट्रक्चर और रेलवे विस्तार पर जोर बढ़ने से कंपनी के कारोबार को लंबी अवधि में मजबूती मिलती दिख रही है।
कुल ऑर्डर बुक की स्थिति
Jupiter Wagons के पास फिलहाल लगभग ₹6,500 करोड़ से अधिक की मजबूत ऑर्डर बुक है। इसमें रेलवे फ्रेट वैगन, वैगन कंपोनेंट्स, ब्रेक सिस्टम और मेटल प्रोडक्ट्स से जुड़े प्रोजेक्ट शामिल हैं। इतनी बड़ी ऑर्डर बुक से आने वाले कुछ सालों तक कंपनी की आय की स्पष्टता बनी रहती है और बिजनेस ग्रोथ को सपोर्ट मिलता है। रेलवे कैपेक्स बढ़ने के कारण कंपनी को नए काम मिलने की संभावना भी बनी हुई है।
वित्तीय नतीजों की स्थिति
कंपनी के हालिया वित्तीय नतीजों में मजबूत सुधार देखने को मिला है। ताजा वित्त वर्ष में Jupiter Wagons का रेवेन्यू करीब 20–22 प्रतिशत की सालाना बढ़त के साथ ₹3,600 करोड़ के आसपास पहुंचा है। शुद्ध मुनाफा लगभग 30 प्रतिशत की वृद्धि के साथ ₹350 करोड़ के स्तर पर रहा। पिछले साल की तुलना में मार्जिन में भी सुधार हुआ है, जहां ऑपरेटिंग मार्जिन करीब 12 प्रतिशत से बढ़कर लगभग 14 प्रतिशत के आसपास पहुंच गया है। यह संकेत देता है कि कंपनी न सिर्फ बिक्री बढ़ा रही है बल्कि लागत नियंत्रण पर भी काम कर रही है।
शेयर का पिछला प्रदर्शन
Jupiter Wagons के शेयर ने बीते समय में निवेशकों को शानदार रिटर्न दिया है। पिछले 6 महीनों में शेयर करीब 35 प्रतिशत तक चढ़ चुका है। एक साल की अवधि में इसमें लगभग 85 प्रतिशत का रिटर्न देखने को मिला है। वहीं लंबी अवधि की बात करें तो पिछले 5 वर्षों में यह शेयर करीब 600 प्रतिशत से ज्यादा का रिटर्न दे चुका है। रेलवे और इंफ्रास्ट्रक्चर थीम में तेजी का सीधा फायदा इस शेयर को मिला है।
Jupiter Wagons शेयर प्राइस टारगेट (5 साल)
| वर्ष | संभावित शेयर प्राइस |
|---|---|
| 2026 | ₹420 |
| 2027 | ₹520 |
| 2028 | ₹650 |
| 2029 | ₹800 |
| 2030 | ₹980 |
निवेशकों के लिए निष्कर्ष
Jupiter Wagons रेलवे, इंफ्रास्ट्रक्चर और लॉजिस्टिक्स जैसे मजबूत सेक्टर में काम कर रही कंपनी है। मजबूत ऑर्डर बुक, बेहतर वित्तीय प्रदर्शन और सरकार के इंफ्रास्ट्रक्चर फोकस से कंपनी की लंबी अवधि की ग्रोथ कहानी मजबूत नजर आती है। हालांकि शेयर पहले ही अच्छा रिटर्न दे चुका है, इसलिए आगे निवेश से पहले जोखिम और वैल्यूएशन पर ध्यान देना जरूरी है।
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Disclaimer
यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से लिखा गया है। शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। किसी भी तरह का निवेश निर्णय लेने से पहले अपनी वित्तीय स्थिति और जोखिम क्षमता का आकलन जरूर करें।

Sumit Ghatala is a stock market researcher and financial content writer with over 8 years of experience tracking Indian equity markets, corporate earnings, and sectoral trends. He focuses on analysing company fundamentals, quarterly results, and broader market movements to provide readers with clear and structured insights.
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